भारत का स्पष्ट संदेश
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘मन की बात’ कार्यक्रम में कहा:
> “पहलगाम में हुआ यह हमला आतंक के सरपरस्तों की हताशा और कायरता को दर्शाता है। देश की एकता और 140 करोड़ भारतीयों की एकजुटता हमारी सबसे बड़ी ताकत है। दोषियों को न्याय के कठघरे में लाया जाएगा।”
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आतंकवादियों और उनके समर्थकों को बख्शा नहीं जाएगा।
कूटनीतिक और सैन्य कदम
भारत ने निम्नलिखित कड़े कदम उठाए हैं:
पाकिस्तानी राजनयिकों को निष्कासित किया और वीजा सेवाएं निलंबित कीं।
इंडस जल संधि को निलंबित किया और वाघा-अटारी सीमा को बंद किया।
भारतीय नौसेना ने लंबी दूरी की मिसाइलों का परीक्षण किया, जिससे सैन्य तैयारियों का संकेत मिला।
वैश्विक समर्थन
अमेरिका, फ्रांस, इज़राइल, जापान और अन्य देशों ने भारत के साथ एकजुटता व्यक्त की है और आतंकवाद की निंदा की है।
वर्तमान स्थिति
भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ रहा है, दोनों देशों ने एक-दूसरे के खिलाफ कूटनीतिक और सैन्य कदम उठाए हैं।
निष्कर्ष
भारत ने स्पष्ट कर दिया है कि वह आतंकवाद के खिलाफ किसी भी कीमत पर समझौता नहीं करेगा और दोषियों को न्याय के कठघरे में लाने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाएगा।
अधिक जानकारी के लिए प्रधानमंत्री मोदी का ‘मन की बात’ संबोधन देखें: